Loading Bible Translation
First-time download in progress. This may take a few seconds…
Hindi Holy Bible Wordproject Bible
10 verses
1फिर यूसुफ की सन्तान का भाग चिट्ठी डालने से ठहराया गया, उनका सिवाना यरीहो के पास की यरदन नदी से, अर्थात पूर्ब की ओर यरीहो के जल से आरम्भ हो कर उस पहाड़ी देश से होते हुए, जो जंगल में हैं, बेतेल को पहुंचा;
2वहां से वह लूज तक पहुंचा, और एरेकियों के सिवाने होते हुए अतारोत पर जा निकला;
3और पश्चिम की ओर यपकेतियों के सिवाने से उतरकर फिर नीचे वाले बेयोरोन के सिवाने से हो कर गेजेर को पहुंचा, और समुद्र पर निकला।
4तब मनश्शे और एप्रैम नाम यूसुफ के दोनों पुत्रों की सन्तान ने अपना अपना भाग लिया।
5एप्रैमियों का सिवाना उनके कुलों के अनुसार यह ठहरा; अर्थात उनके भाग का सिवाना पूर्व से आरम्भ हो कर अत्रोतदार से होते हुए ऊपर वाले बेथोरोम तक पहुंचा;
6और उत्तरी सिवाना पश्चिम की ओर के मिकमतात से आरम्भ हो कर पूर्व की ओर मुड़कर तानतशीलो को पहुंचा, और उसके पास से होते हुए यानोह तक पहुंचा;
7फिर यानोह से वह अतारोत और नारा को उतरता हुआ यरीहो के पास हो कर यरदन पर निकला।
8फिर वही सिवाना तप्पूह से निकलकर, और पश्चिम की ओर जा कर, काना के नाले तक हो कर समुद्र पर निकला। एप्रैमियों के गोत्र का भाग उनके कुलों के अनुसार यही ठहरा।
9और मनश्शेइयों के भाग के बीच भी कई एक नगर अपने अपने गांवों समेत एप्रैमियों के लिये अलग किये गए।
10परन्तु जो कनानी गेजेर में बसे थे उन को एप्रैमियों ने वहां से नहीं निकाला; इसलिये वे कनानी उनके बीच आज के दिन तक बसे हैं, और बेगारी में दास के समान काम करते हैं॥